आज हमसे हसीं एक खता हो गयी ,
दर्द ऐ दिल की मेरे इन्तहा हो गयी ,
अश्क बहते रहे, रात ज़वा हो गयी
धड़कने मेरी मुझसे खफा हो गयी,
इश्क तुमसे किया , हां खता हो गयी,
आज हमसे ....
मैंने चाहा तुम्हे, मिल ना पाया तुम्हे ,
तन्हाई मेरी राजदा हो गयी,
जिंदगी में रहा क्या जो शिकवा करू,
मुहब्बत मेरी बेजुबा हो गयी,
आज हमसे ....
ख्वाहिशे थी दफ़न दिल में कबसे मेरे,
पलकों की नमी बन बयां हो गयी,
अरमानो की अर्थी उठाए चला हूँ ,
रूह तो कबकी मेरी अलविदा हो गयी,
आज हमसे...
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